मुख्य सामग्री पर जाएँ
गुरु जम्भेश्वर भगवान
संग्रह13 / 16

भजन 13

म्हाने गुरूजी मिलण रो लागो कोड

म्हाने गुरूजी मिलण रो लागो कोड। समराथल धोरे जावांला। टेर।

गुरूजी मिलण रो काड लाग रह्यो, जास्यां धाम मुकाम, कई जनमां रा पाप काटस्यां, पावांला मुक्ति धाम । 1।

अमावस रो वरत राखस्यां, धर जम्भेश्वर ध्यान माटी काडां नाडिये री पावांला मुक्ति धाम । 2।

थारे जातरू आवे घणेरा, म्हाने भूलज्यो नाय समराथल धोरे री माटी लेवाला अंग मे रमाय । 3।

चरण कमल रा थारा खड़ाऊ पडय़ा पीपासर मांय चोलो थारो पडय़ो जांगलू, टोपी है धाम मुकाम । 4।

जाम्भोलाव थारो जम्भ सरोवर, थे खुद आप खुदायो चेत भादवे मेलो भरीजे, मन वांछित फल पांवा । 5।

फोग कंकेड़ी कुं मठा रो है धोरे पर बाग उण धोरे रा दरसण करस्यां बारम्बार नंदराम । 6।