कथाएं
यहाँ उपलब्ध कथाएं स्वामी श्री कृष्णानंद आचार्य द्वारा संकलित एवं भावार्थित ग्रंथ ‘जाम्भा पुराण’ से ली गई हैं।
94 कथाएं
जाम्भा पुराण
पहला अध्याय
बिश्नोई पंथ एवं प्रहलाद
पहला अध्याय
सत्यवादी राजा हरिश्चन्द्र
पहला अध्याय
धर्मराज युधिष्ठिर
पहला अध्याय
दूसरा अध्याय (भूमिका)
दूसरा अध्याय
अवतार के निमित्त कारण
दूसरा अध्याय
विष्णु-अवतार-जाम्भोजी
दूसरा अध्याय
बाल-लीला
दूसरा अध्याय
गो चारण लीला
दूसरा अध्याय
बिन बादल प्रभु इमिया झुराये
दूसरा अध्याय
दूदोजी को परचा देना
दूसरा अध्याय
उधरण को शब्द सुनाना
दूसरा अध्याय
राव जोधा को बैरीसाल नगाड़ा देना
दूसरा अध्याय
खीचियासर गाँव में मीठे जल का कुआँ बतलाना
दूसरा अध्याय
भुवा ताँतू को शब्दोपदेश
दूसरा अध्याय
लोहट-हांसा को अन्तिम उपदेश
दूसरा अध्याय
जाम्भा गोरख गुरु अपारा
तीसरा अध्याय
पूल्हाजी को स्वर्ग दिखाना
तीसरा अध्याय
बिश्नोई पंथ की स्थापना
तीसरा अध्याय
कलश पूजा मन्त्र
तीसरा अध्याय
पाहल मंत्र
तीसरा अध्याय
उनतीस नियम
तीसरा अध्याय
कथा गूगलिये की
तीसरा अध्याय
महमंद तथा लूणकरण को सदुपदेश
तीसरा अध्याय
शोभाराम के प्रति शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
जाटों के प्रति शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
चारणी को शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
वरसी को शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
विष्णु भक्तों का बलिदान
तीसरा अध्याय
जोगी की सिद्धि के सम्बन्ध में शब्द
तीसरा अध्याय
सिकन्दर शील हकीकत जाग्यो
तीसरा अध्याय
महमंद खां के प्रति शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
वैरागी महंत की स्थूलता सम्बन्ध में शब्द
तीसरा अध्याय
जीव का देह में प्रवेश तथा स्वरूप विज्ञान
तीसरा अध्याय
रामोजी सुराणा के प्रति शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
जोगियों के प्रति शब्दोपदेश
तीसरा अध्याय
लक्ष्मणनाथ एवं लोहापांगल को योग का उपदेश
तीसरा अध्याय
सुपात्र एवं कुपात्र विचार
तीसरा अध्याय
सेंसेजी का अभिमान खण्डन
तीसरा अध्याय
राम-कथा
तीसरा अध्याय
चित्तौड़ की कथा
चौथा अध्याय
बीदे जोधावत को परचा देना
चौथा अध्याय
लूणकरण द्वारा स्तुति
चौथा अध्याय
जेतसी को राज्य प्राप्ति का वरदान
चौथा अध्याय
बन्दी नेतसी को छुड़ाना
चौथा अध्याय
जाम्भोजी का जैसलमेर पधारना
चौथा अध्याय
गुरु आसन सम्भराथले
सातवाँ अध्याय
बाजोजी तरड़ को सन्मार्ग में लाना
आठवाँ अध्याय
मलेर कोटले में गऊ हत्या बन्द करवाना
आठवाँ अध्याय
भूत सेवी साणिंया को रोटू गाँव से उठाना
आठवाँ अध्याय
एक वैदिक ब्राह्मण को शब्दोपदेश
आठवाँ अध्याय
कुंवर मालदेव के प्रति शब्द सुनाया
आठवाँ अध्याय
गोपीचन्द और भर्तृहरि को शब्दोपदेश
आठवाँ अध्याय
ऊदोजी नैण का जाम्भोजी के शरण में आना
आठवाँ अध्याय
गंगा की धारा का सम्भराथल पर आगमन
नवां अध्याय
धन की असारता के सम्बन्ध में शब्द
नवां अध्याय
अमावस्या व्रत कथा महात्म्य
नवां अध्याय
बूढ़े के प्रति शब्दोपदेश
नवां अध्याय
मूलो पुरोहित के प्रति शब्दोपदेश
नवां अध्याय
साहू को स्नान का महत्व बतलाना
नवां अध्याय
जाम्भा सरोवर तीर्थ का महात्म्य
नवां अध्याय
झाली रानी का जाम्भा सरोवर पर आना
नवां अध्याय
नौरंगी को भात भरना
नवां अध्याय
भूतों की गति करना
दसवां अध्याय
चेलोजी की सहनशीलता
दसवां अध्याय
रावण गोयंद को चोरी से निवृत्त करना
दसवां अध्याय
वैष्णव साधु जमात के प्रति योग उपदेश
दसवां अध्याय
रूपा मांझू को जल छानने का आदेश
दसवां अध्याय
मुल्ला सधारी के प्रति शब्दोपदेश
दसवां अध्याय
सेखे जाट को परचा देना
दसवां अध्याय
एक योगी के प्रति योग वचन
दसवां अध्याय
मृगछाला पावोड़ी कांय फिरावों
दसवां अध्याय
मौनी बालक की कथा
दसवां अध्याय
ऊदै अतली की साधु सेवा
दसवां अध्याय
भक्त रतने का गुरु शरण में आना
दसवां अध्याय
जाम्भोजी का भ्रमण काबुल में जीव हत्या बंद करवाना
ग्यारहवाँ अध्याय
जाम्भोजी का भ्रमण
ग्यारहवाँ अध्याय
बारह थाप घणां न ठाहर
बारहवाँ अध्याय
जैतसी का मुकाम मन्दिर में आगमन
बारहवाँ अध्याय
जांगलू की कंकेहड़ी धाम
बारहवाँ अध्याय
वील्होजी का धर्म प्रचार-प्रसार
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
सिद्ध कवि सुरजन जी महाराज
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
सिद्ध संत श्री केशोजी
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
संत एवं भक्तों द्वारा समाज को देन
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
बलिदान -कथाएँ करमा और गौरा का बलिदान
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
तिलवासणी के शूरवीरों का बलिदान
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
बूचो जी का बलिदान
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
रामूजी खोड़ का बलिदान
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
खेजड़ली में 363 स्त्री पुरुषों का बलिदान
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
तारोजी भक्त द्वारा जीव रक्षा
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
जोधपुर नरेश तख्तसिंह का ताम्र पत्र
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
सन् 1857 के सैनिक विद्रोह में गो रक्षा
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
अज्ञात शहीदों का स्मरण
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध
वृक्ष ही जीवन है
बारहवाँ अध्याय का उतरार्द्ध