भजन 10
म्हाने जाम्भेजी दीयो उपदेश
म्हाने जाम्भेजी दीयो उपदेश, भाग म्हारो जागीयो, मरूधर देश समराथल भूमि गुरूजी दियो उपदेश ।
पीपासर में प्रकट भया जब आय सुधार्यो बागड़ देश । 1।
बीदे ने विराट दिखायो, पूल्हे ने पाताल, उन्नतीस नियम सुणाय गुरूजी पायो म्हाने अमृत पाहल । 2।
सांगा राणा और नरेशां परच्यो महमद खान, लोदी सिंकदर ऐसो परच्यो पढऩी छोड़ दी कुरान । 3।
चिम्पी चोलो उणरे तन रो पडिय़ो जांगलू मांय, चिम्पी चोले रा दरसण करस्यां, न्हावाला बरसिंगाली जाय । 4।
मोखराम बंगाली वालो हरिचरणा लवलीन, दास जाण म्हापे किरपा कीज्यो, होऊं भक्ति में प्रवीन । 5।