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गुरु जम्भेश्वर भगवान
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शब्द 24 / 120

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विश्नोवण एक आय कह्यो, आयस तणों विचार।

ढ़ोसी की पहाड़ी हिलावै, ताका कहो आचार।

शब्द 24

ओ३म् आसण बैसण कूड़ कपटण, कोई कोई चीन्हत वोजूं वाटे। वोजूं वाटै जे नर भया, काची काया छोड़ कैलाशै गया।