कवि परिचय
लालचन्द नाई
1 साखियाँ
परिचय
जन्म विक्रम संवत् 1580 अनुमानतः है ये बीकानेर के किसी गांव के है। लूर में इनका नाम आता है इसलिये हजूरी कवि होना प्रमाणित होता है। इनकी एक साखी छंदा की मिलती है जो राग गवड़ी में गेय है। इस साखी के प्रसंग में ऐसा कहा जाता है कि किसी प्रसिद्ध ज्योतिषी द्वारा लोगों के भविष्य ग्रहों का प्रभाव बताते देखकर कवि ने यह साखी उसको लक्ष्य करके कही थी।